नई दिल्ली : सर्जिकल स्ट्राइक के बाद से पाकिस्तान बौखलाया हुआ है. वो सीमा पर फायरिंग कर रहा है और हमारे जवान पाकिस्तान को मुंहतोड़ जवाब दे रहे हैं. इस कार्रवाई में देश के जवान शहीद भी हुए हैं, इस माहौल में सोशल मीडिया पर एक सैनिक की तस्वीर वायरल हुई है. जिसका सिर्फ कंकाल बचा है, दावा है कि अपनी पोस्ट पर ही ये जवान शहीद हो गया था.
ढेरों सवालों के साथ एक सैनिक के कंकाल की तस्वीर सोशल मीडिया पर घूम रही है. कोई तस्वीर को देखकर सलाम कर रहा है तो कोई भावुक हो रहा है. दावा किया जा रहा है मोर्चे पर डटा भारत का सैनिक मोर्चे पर ही शहीद हो गया और पीछे रह गया तो बस एक कंकाल.
तस्वीर में सैनिक के कंकाल के अलावा उसकी राइफल और हेल्मेट दिख रहा है. तस्वीर देख रहे लोग जय हिंद लिख रहे हैं. जिसने ये फोटो शेयर किया है उसने लिखा है जिसके खून में देश का नमक हो वो जरूर लाइक करे. 11 हजार से ज्यादा लोग इस तस्वीर को लाइक कर चुके हैं.
लेकिन, सवाल ये है कि देशभक्ति का रंग चढ़ाकर पेश की जा रही इस तस्वीर का सच क्या है. क्या वाकई देश का कोई सैनिक बंकर में तैनात ड्यूटी पर शहीद हो गया और किसी को पता भी नहीं चला. ये जानने के लिए इस तस्वीर की पड़ताल की एबीपी न्यूज ने.
सबसे पहली बात ये कि किसी के कंकाल से ये पता नहीं लगाया जा सकता है कि ये भारतीय सेना का जवान या फिर दुनिया की किसी और सेना का. इसलिए सच तक पहुंचने के लिए हमने दूसरे सिरे तलाशे. ये जानने की कोशिश की तस्वीर में जो हेल्मेट नजर आ रहा है क्या वो भारतीय सेना इस्तेमाल करती है.
और तस्वीर में जो बंदूक दिखाई दे रही है क्या वो बंदूक हमारे जवान इस्तेमाल करते हैं. हमारी जांच में पता चला कि वायरल तस्वीर में जो हेल्मेट दिखाई दे रहा है वो भारतीय सेना इस्तेमाल नहीं करती. और पहले भी कभी इस तरह का हेल्मेट इस्तेमाल नहीं किया गया. जो हेल्मेट तस्वीर में दिख रहा है वो पश्चिमी देशों की सेनाएं द्वितीय विश्व युद्ध में इस्तेमाल करती थीं.
तस्वीर में आपको जो बंदूक दिखाई दे रही है वो मशीन गन है. इस मशीन गन को ppsh सब मशीन गन कहते हैं. ये मशीन गन का निर्माण सोवियत संघ में हुआ था और द्वितीय विश्व युद्ध के अलावा लड़ाई के कई और मोर्चों पर भी इसका इस्तेमाल हुआ था.
और तीसरा सबूत इस तस्वीर का ये है एक वेबसाइट में द्वितीय विश्व युद्ध की कई तस्वीरें मौजूद हैं और वायरल तस्वीर भी उसी का एक हिस्सा है. यानि ये तस्वीर द्धितीय विश्व युद्ध की है किसी भारतीय सेना के जवान की नहीं.
हमारी पड़ताल में वायरल तस्वीर झूठी साबित हुई है.

0 टिप्पणियाँ